एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर एक उपयोगी ऑनलाइन टूल है, जो पॉलिसीधारकों को यह अनुमान लगाने में मदद करता है कि यदि वे अपनी एलआईसी पॉलिसी को निर्धारित अवधि से पहले बंद (सरेंडर) करते हैं तो उन्हें कितनी राशि प्राप्त हो सकती है। भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) द्वारा संचालित योजनाओं में सरेंडर वैल्यू कुछ शर्तों के अधीन प्रदान की जाती है। इस कैलकुलेटर की सहायता से ग्राहक पारदर्शी तरीके से संभावित भुगतान का अनुमान लगा सकते हैं और अपने वित्तीय निर्णय बेहतर ढंग से ले सकते हैं। यह लेख आपको एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारियाँ सरल भाषा में प्रदान करेगा।
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एलआईसी योजनाओं के लाभ-
एलआईसी पॉलिसी ऑनलाइन परेशानी मुक्त खरीदें
धारा 80सी और 10(10डी) के तहत कर बचत^
उच्च रिटर्न वाली बाज़ार लिंक योजनाएँ
एलआईसी अधिनियम की धारा 37 के अनुसार संप्रभु गारंटी
जब कोई पॉलिसीधारक अपनी LIC जीवन बीमा पॉलिसी को उसकी परिपक्वता अवधि (maturity) से पहले बंद करता है, तो उसे जो राशि मिलती है, उसे एलआईसी सरेंडर वैल्यू कहा जाता है।
सरल शब्दों में, यह उस LIC पॉलिसी का कैश वैल्यू होता है जो पॉलिसीधारक को प्रीमियम भुगतान के कुछ वर्षों के बाद मिलती है। यह पूरी जमा राशि नहीं होती, बल्कि एलआईसी के नियमों और प्रतिशत के अनुसार तय की गई रकम होती है। यह ध्यान रखना जरूरी है कि हर पॉलिसी में सरेंडर वैल्यू नहीं मिलती और न ही पॉलिसी शुरू होते ही यह सुविधा उपलब्ध होती है।
एलआईसी पॉलिसी सरेंडर वैल्यू उस स्थिति में मिलती है जब पॉलिसीधारक ने न्यूनतम आवश्यक वर्षों तक प्रीमियम का भुगतान कर दिया हो। सामान्य रूप से LIC की अधिकतर पारंपरिक योजनाओं में कम से कम 2 या 3 पूरे वर्षों का प्रीमियम भुगतान जरूरी होता है जो कि निम्न बातों पर निर्भर करती है:
पॉलिसी का प्रकार
पॉलिसी की कुल अवधि
अब तक भरे गए प्रीमियम की संख्या
पॉलिसी पर घोषित बोनस
सरेंडर का समय
नोट: मैच्योरिटी अमाउंट की तुलना में सरेंडर वैल्यू हमेशा कम होती है, क्योंकि पॉलिसी बीच में समाप्त की जा रही होती है।
एलआईसी सरेंडर वैल्यू के प्रकार
एलआईसी (LIC) आमतौर पर दो तरह की सरेंडर वैल्यू तय करती है:
गारंटीड सरेंडर वैल्यू: यह वह न्यूनतम राशि होती है, जिसे LIC पॉलिसी सरेंडर करने पर देने की गारंटी देती है। आमतौर पर यह राशि कुल भरे गए प्रीमियम (पहले वर्ष को छोड़कर) के एक निश्चित प्रतिशत के रूप में तय होती है।
स्पेशल सरेंडर वैल्यू: यह राशि गारंटीड सरेंडर वैल्यू से अधिक हो सकती है। यह पॉलिसी के प्रदर्शन, बोनस और एलआईसी द्वारा तय आंतरिक फैक्टर पर निर्भर करती है।
नोट: LIC पॉलिसीधारक को दोनों में से जो राशि ज्यादा होती है, वही देती है।
समर्पण मूल्य कारक (Surrender Value Factor):
समर्पण मूल्य कारक वे तत्व होते हैं, जो यह तय करते हैं कि पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू कितनी होगी। ये कारक एलआईसी की आधिकारिक गणना प्रक्रिया का हिस्सा होते हैं।
मुख्य समर्पण मूल्य कारक इस प्रकार हैं:
पॉलिसी का प्रकार जैसे एंडोमेंट, मनी बैक या होल लाइफ
पॉलिसी की कुल अवधि
कितने वर्षों तक प्रीमियम का भुगतान किया गया है
कुल भरा गया प्रीमियम (पहले वर्ष को छोड़कर)
पॉलिसी पर अर्जित बोनस
पॉलिसी किस वर्ष में सरेंडर की जा रही है
नोट: जितने अधिक वर्षों तक पॉलिसी चल रही होती है, सरेंडर वैल्यू उतनी ही बेहतर होती जाती है।
एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर क्या है?
यह एक ऑनलाइन टूल है, जो सरेंडर वैल्यू की जटिल गणना को आसान बना देता है। इसकी मदद से पॉलिसीधारक कुछ बुनियादी जानकारी डालकर अपनी संभावित सरेंडर वैल्यू का अनुमान लगा सकता है।
आमतौर पर इसमें निम्न जानकारी मांगी जाती है:
पॉलिसी का नाम या प्रकार
पॉलिसी शुरू होने की तारीख
वार्षिक प्रीमियम राशि
अब तक भरे गए प्रीमियम के वर्ष
बोनस की स्थिति
कुछ ही समय में यह कैलकुलेटर एक अनुमानित राशि दिखा देता है जिससे निर्णय लेना आसान हो जाता है।
प्रमुख एलआईसी योजनाएँ और सरेंडर वैल्यू की सामान्य स्थिति
नीचे दी गई तालिका कुछ लोकप्रिय एलआईसी योजनाओं में सरेंडर वैल्यू के सामान्य ट्रेंड को समझाने के लिए है। वास्तविक राशि पॉलिसी की शर्तों पर निर्भर करेगी।
पॉलिसी का प्रकार
न्यूनतम प्रीमियम अवधि
सरेंडर वैल्यू मिलने की स्थिति
एंडोमेंट प्लान
2-3 वर्ष
गारंटीड + बोनस
मनी बैक प्लान
3 वर्ष
बोनस के साथ
होल लाइफ प्लान
3-5 वर्ष
लंबी अवधि में बेहतर
टर्म प्लान
लागू नहीं
नहीं
एलआईसी पॉलिसी सरेंडर नियम
पॉलिसी सरेंडर करने से पहले एलआईसी पॉलिसी सरेंडर नियम समझना बहुत जरूरी है जो कि निम्न हैं:
न्यूनतम निर्धारित वर्षों का प्रीमियम भुगतान अनिवार्य है।
पहले 1-2 वर्षों में सरेंडर करने पर आमतौर पर कोई राशि नहीं मिलती।
टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी में सरेंडर वैल्यू उपलब्ध नहीं होती।
सरेंडर राशि पर आयकर नियम लागू हो सकते हैं।
पॉलिसी सरेंडर होते ही बीमा कवरेज समाप्त हो जाता है।
एलआईसी सरेंडर वैल्यू को निकालने के लिए निम्नलिखित स्टेप्स अपनाए जा सकता है और यह निर्भर करता है कि आप किस माध्यम से वैल्यू देखना चाहते हैं:
एलआईसी पोर्टल के माध्यम से:
स्टेप 1: एलआईसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएँ।
स्टेप 2: अपनी पॉलिसी से संबंधित विवरण दर्ज करके नए यूज़र के रूप में रजिस्टर करें, या फिर अपने लॉग-इन क्रेडेंशियल्स का उपयोग करके साइन इन करें।
स्टेप 3: लॉग-इन करने के बाद “Policy Status” सेक्शन पर जाएँ।
स्टेप 4: उस पॉलिसी का चयन करें जिसकी सरेंडर वैल्यू आप देखना चाहते हैं।
स्टेप 5: आपकी एलआईसी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू (यदि उपलब्ध होगी) अन्य पॉलिसी विवरणों के साथ स्क्रीन पर दिखाई देगी।
एलआईसी मोबाइल ऐप के माध्यम से:
एलआईसी (LIC) का मोबाइल ऐप LIC Digital App जो Android और iOS दोनों प्लेटफ़ॉर्म पर उपलब्ध है, आपकी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू देखने का एक आसान तरीका प्रदान करता है।
स्टेप 1: अपने मोबाइल डिवाइस के App Store से LIC मोबाइल ऐप LIC Digital app डाउनलोड करें।
स्टेप 2: अपने एलआईसी पोर्टल लॉग-इन क्रेडेंशियल्स का उपयोग करके ऐप में लॉग-इन करें।
स्टेप 3: “Policy Details” सेक्शन में जाएँ और वहाँ अपनी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू देखें।
कस्टमर केयर हेल्पलाइन के माध्यम से:
आप अपनी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू एलआईसी के कस्टमर केयर हेल्पलाइन पर फोन करके भी जानकारी ले सकते हैं। आपको एलआईसी के टोल-फ्री नंबर 1800-33-4433 पर फोन करना होगा। कस्टमर केयर प्रतिनिधि से बात करते समय अपनी पॉलिसी से संबंधित विवरण प्रदान करें और उनसे अपनी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू के बारे में जानकारी माँगें।
एलआईसी एजेंट के माध्यम से:
यदि आपने अपनी पॉलिसी किसी एलआईसी एजेंट के माध्यम से ली है, तो वे आपकी पॉलिसी की सरेंडर वैल्यू निकालने में मदद कर सकते हैं और साथ ही वे आपको पॉलिसी सरेंडर करने से जुड़े वित्तीय प्रभावों को भी आपको समझा सकते हैं।
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क्या पॉलिसी सरेंडर करना सही निर्णय है?
पॉलिसी सरेंडर करना कई बार आसान समाधान लगता है, खासकर जब अचानक पैसों की जरूरत हो या प्रीमियम भरना मुश्किल हो जाए। लेकिन अक्सर यह एक अच्छा विकल्प नहीं माना जाता। शुरुआती वर्षों में सरेंडर करने पर मिलने वाली राशि बहुत कम होती है क्योंकि इसमें केवल निर्धारित प्रतिशत ही वापस मिलता है। साथ ही, एक बार पॉलिसी सरेंडर करने के बाद उसे दोबारा चालू (revive) नहीं किया जा सकता और आपकी बीमा सुरक्षा पूरी तरह समाप्त हो जाती है।
ऐसी स्थिति में सीधे सरेंडर करने के बजाय अन्य विकल्पों पर विचार करना समझदारी हो सकती है। उदाहरण के लिए, कई एलआईसी पॉलिसियों में पॉलिसी लोन की सुविधा उपलब्ध होती है, जिससे आप पॉलिसी को जारी रखते हुए आवश्यक धन प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा, यदि प्रीमियम भरना संभव न हो तो पॉलिसी को पेड-अप (Paid-up) विकल्प में बदला जा सकता है। इस स्थिति में आगे प्रीमियम नहीं भरना पड़ता, लेकिन पॉलिसी एक कम बीमा राशि के साथ जारी रहती है और भविष्य में कुछ लाभ मिल सकते हैं।
इसलिए, सरेंडर का निर्णय लेने से पहले लोन या पेड-अप जैसे विकल्पों को समझना और अपनी वित्तीय स्थिति का सही आकलन करना बेहद जरूरी है।
सारांश में
एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर पॉलिसीधारकों के लिए एक उपयोगी साधन है जो उन्हें यह समझने में मदद करता है कि पॉलिसी को बीच में बंद करने पर आर्थिक रूप से क्या असर पड़ेगा। अगर कोई पॉलिसी धारक यह जान ले कि एलआईसी सरेंडर वैल्यू क्या है, यह किन समर्पण मूल्य कारकों पर निर्भर करती है और एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैसे निकालें, तो एक बेहतर निर्णय लिया जा सकता है।
Ans: एलआईसी सरेंडर वैल्यू कई कारकों पर निर्भर करती है जिसमें पॉलिसी का प्रकार, कुल अवधि, भरे गए प्रीमियम और पॉलिसी पर अर्जित बोनस शामिल हैं। इन सभी को मिलाकर एलआईसी एक निश्चित प्रतिशत के आधार पर सरेंडर वैल्यू तय करती है जिसे गारंटीड या स्पेशल सरेंडर वैल्यू कहा जाता है।
Q: एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर कितना सही होता है?
Ans: एलआईसी सरेंडर वैल्यू कैलकुलेटर आपको संभावित सरेंडर राशि का अनुमान देता है। यह काफी हद तक सही होता है लेकिन यह अंतिम राशि नहीं होती। वास्तविक सरेंडर वैल्यू एलआईसी द्वारा पॉलिसी दस्तावेज, बोनस और लागू नियमों की जांच के बाद तय की जाती है।
Q: क्या सभी एलआईसी पॉलिसियों में सरेंडर वैल्यू मिलती है?
Ans: नहीं, सभी एलआईसी पॉलिसियों में सरेंडर वैल्यू नहीं मिलती। टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी में कोई बचत या निवेश हिस्सा नहीं होता, इसलिए उसमें सरेंडर वैल्यू नहीं दी जाती। सरेंडर वैल्यू आमतौर पर एंडोमेंट, मनी बैक और होल लाइफ पॉलिसियों में मिलती है।
Q: क्या एलआईसी पॉलिसी सरेंडर करने पर टैक्स लगता है?
Ans: कुछ मामलों में आय कर लागू हो सकता है, खासकर तब जब पॉलिसी आयकर अधिनियम की धारा 10(10D) की शर्तों को पूरा नहीं करती। इसलिए सरेंडर से पहले टैक्स नियम समझना जरूरी है।
*All savings are provided by the insurer as per the IRDAI approved insurance plan. Standard T&C Apply
^Trad plans with a premium above 5 lakhs would be taxed as per applicable tax slabs post 31st march 2023
+Returns Since Inception of LIC Growth Fund
~Source - Google Review Rating available on:- http://bit.ly/3J20bXZ
++Returns are 10 years returns of Nifty 100 Index benchmark
˜The insurers/plans mentioned are arranged in order of highest to lowest first year premium (sum of individual single premium and individual non-single premium) offered by Policybazaar’s insurer partners offering life insurance investment plans on our platform, as per ‘first year premium of life insurers as at 31.03.2025 report’ published by IRDAI. Policybazaar does not endorse, rate or recommend any particular insurer or insurance product offered by any insurer. For complete list of insurers in India refer to the IRDAI website www.irdai.gov.in